बिहार में मेट्रो नेटवर्क के विस्तार को लेकर एक बड़ा कदम उठाया गया है. पटना के अलावा चार और प्रमुख शहर में मेट्रो परिचालन को लेकर बड़ी घोषणा कर दी गई है. इन सभी चार शहरों में मेट्रो निर्माण का अभी सर्वे भी चल रहा है. जानकारी हो की राजधानी पटना में मेट्रो का निर्माण तेजी से चल रहा है और अब दरभंगा, मुजफ्फरपुर, भागलपुर, और गया जैसे प्रमुख शहरों में मेट्रो परियोजनाओं की संभावनाओं को लेकर सर्वे किए जा रहे हैं.

दरभंगा, मुजफ्फरपुर, भागलपुर और गया में मेट्रो के लिए सर्वे अपडेट

मेट्रो की संभावनाओं का आकलन करने के लिए राइट्स लिमिटेड को जिम्मेदारी सौंपी गई है. राइट्स लिमिटेड सभी चारों शहरों में मेट्रो परिचालन को लेकर सर्वे के काम में जुटी हुई है. हालांकि सर्वे रिपोर्ट अभी पूरी नहीं हुई है. लेटेस्ट खबर के अनुसार एजेंसी ने दिसंबर के अंत तक रिपोर्ट सौंपने के लिए एक महीने का अतिरिक्त समय मांगा है. फाइनल रिपोर्ट तैयार होने के बाद इन शहरों में मेट्रो की व्यवहार्यता को लेकर अंतिम निर्णय लिया जाएगा.

पटना मेट्रो का निर्माण कार्य तेजी से हो रहा है, खासकर प्रायोरिटी कॉरिडोर पर. प्रायोरिटी कॉरिडोर: यह पटना में मेट्रो का सबसे महत्वपूर्ण हिस्सा है, जो शहर की प्रमुख जगहों को जोड़ेगा. पटना मेट्रो दो प्रमुख कॉरिडोर में विकसित किया जा रहा है. पहला है लाल लाइन कॉरिडोर है यह कॉरिडोर दानापुर से लेकर ISBT (इंटर-स्टेट बस टर्मिनल) तक जाएगा. इस कॉरिडोर की लंबाई लगभग 16.9 किमी होगी. इस कॉरिडोर के प्रमुख स्टेशन दानापुर, क़ारगिल चौक, गांधी मैदान और ISBT होंगे. दूसरा कॉरिडोर है नीली लाइन जो पटना जंक्शन से लेकर खेेमनिचक तक जाएगा और इसकी लंबाई लगभग 14.5 किमी होगी. इस कॉरिडोर में पटना जंक्शन और गांधी मैदान प्रमुख स्टेशन होंगे. यह पटना जंक्शन से जुड़े क्षेत्रों को और खेेमनिचक क्षेत्र को जोड़ते हुए यात्रियों को तेज और सुविधाजनक यात्रा का अनुभव प्रदान करेगा.