बिहार के भागलपुर में तीन पहिया वाहनों के लिए कोडिंग सिस्टम लागू कर दिया गया है. मीडिया से जानकारी मिल रही है की भागलपुर में तीन पहिया वाहन खासकर ई-रिक्शा को लेकर नए ट्रैफिक नियम लागू किए गए हैं. इस नए नियम के तहत अगर कोई चालक चार पहिया वाहन (कार) के ड्राइविंग लाइसेंस (DL) पर तीन पहिया वाहन (ऑटो रिक्शा) या फिर ई-रिक्शा को चलाता है तो उसपर जुरमाना लगाया जायेगा.
अक्सर चालक ऐसा करते है की चार पहिया वाहन के ड्राइविंग लाइसेंस के आधार पर तीन पहिया भी चलाते रहते है. लेकिन ट्रैफिक नियम द्वारा इसे अभी अवैध कर दिया गया है. इस नए नियम का उल्लंघन करने पर भारी जुर्माना भरना पड़ सकता है. यह जुरमाना 5 हजार रुपये से अधिक हो सकता है. इसीलिए चालक इस बात को ध्यान में रखते हुए तीन पहिया गाड़ी का परिचालन करे.
कोडिंग सिस्टम का उद्देश्य
इसके अलावा शहर में तीन पहिया वाहन के लिए नए कोडिंग सिस्टम को भी लांच कर दिया गया है. इस नए कोडिंग सिस्टम का उद्देश्य ट्रैफिक व्यवस्था को सुदृढ़ और सुरक्षित बनाना है. इस नए कोडिंग सिस्टम के अंतर्गत सभी रूट में स्टॉपेज को चिन्हित कर दिया गया है. ताकि सवारी गाड़ी अपने निर्धारित स्थान पर ही पैसेंजर को चढ़ा और उतार कर सके.
ट्रैफिक नियम में बताया गया है की किसी भी चालक को कोडिंग के अलावा चढाने या उतारने की अनुमति नहीं है. सभी चौक पर लगभग 70 मीटर के रेंज में मार्किंग की गई है. अगर कोई चालक इसके मार्किंग का उल्लघन करते हुए भीतर में सवारी को चढ़ाता और उतरता है तो उसपर 2500 का जुरमाना लगाया जायेगा.
साथ ही ई-रिक्शा में लाइट और पहिये की निरंतर जांच की जा रही है. तो इस प्रकार भागलपुर में चार पहिया वाहन के DL पर तीन पहिया वाहन चलाना अब अवैध है. इस नियम का उल्लंघन करने पर 5 हजार रुपये से अधिक का जुर्माना भरना पड़ सकता है.