बिहार में पहले गर्मी की बेरुखी देखी, अब बारिश और मानसून की बेरुखी देखने को मिल रही है. विकराल गर्मी से बिहार समेत कई उत्तरी राज्यों का बुरा हाल है. पिछले 50 वर्ष में ऐसी प्रचंड गर्मी कभी नहीं देखी गई है. अब मानसून में हो रही देरी भी लोगो के परेशानी का सबब बन चूका है. मौसम भविष्यवाणी के अनुसार 15 से 18 जून तक बिहार में मानसून का आगमन डेट था.
बिहार में मानसून की पहली डेट तो पार हो चुकी है. अभी तक मानसून की बारिश का नमो निशान नहीं है. बारिश तो छोड़ दीजिये यहाँ बिहार में सीवियर गर्मी हो रही है. अगले 48 घंटे के लिए बिहार के कुल 19 जिलों में लू और भीषण गर्मी के लिए रेड अलर्ट की घोषणा कर दी गई है.
पूर्वी बिहार के कुछ जिलों में हल्की बारिश की उम्मीद है. सुपौल, मधेपुरा, सहरसा, किशनगंज और पूर्णिया के कुछ इलाकों में हल्की और मध्यम बौछारे देखने को मिलेगी. जहाँ तक मानसून का सवाल है मानसून बिहार के बॉर्डर पर आ कर रुक चूका है. मौसम विभाग के अनुसार बिहार में जून 21 से 22 जून के बीच आने की उम्मीद जताई गई है.
मानसून के बारिश के बाद ही बिहार में प्रचंड गर्मी से राहत मिलने की उम्मीद है. पश्चिमी बिहार के औरंगाबाद, पटना, अरवल, बक्सर, सिवान , छपरा, भोजपुर और वैशाली में उष्ण लहर के लिए रेड अलर्ट घोषित कर दी गई है. पटना का अधिकतम तापमान 43 डिग्री के आसपास रहेगा. हवा में 70% नमी होने कारण ज्यादा गर्मी महसूस होगी. इसके अलावा पूर्वी बिहार में 35 से 40 किमी प्रति घंटे की रफ़्तार से हवा चलेगी.