अभी तक आपने कई सारे आईएएस अधिकारी का नाम सुने होंगे लेकिन आज के इस खबर में हम किसान रामकुमार के बेटे आईएएस रवि सिहाग के बारे में बताने जा रहे है. जो बहुत ही गरीबी से जूझकर आईएएस अधिकारी बना है. हालाकिं वह बचपन से ही पढने में काफी तेज थे. उन्होंने अपनी सातवीं क्लास तक पढ़ाई अपने पैतृक गांव 3 बीएएम विजयनगर के मनमोहन सर के स्कूल सरस्वती विद्यामंदिर से की है.
इसके बाद उन्होंने अपनी 11वीं तक की पढ़ाई अनूपगढ़ के शारदा स्कूल से और 12वीं की पढ़ाई विजयनगर के एक सीनियर सेकेंडरी स्कूल से की है. उसके बाद उन्होंने अनूपगढ़ के शारदा कॉलेज से बीए भी किया है. आईएएस रवि सिहाग का जन्म 2 नवंबर 1995 को राजस्थान के श्रीगंगा नगर जिले में हुआ था. उनके पिता का नाम रामकुमार सिहाग है. जो एक किसान है. जबकि मां एक हाउस मेकर हैं. वही इनके तीन बहनें भी हैं.
जिनमे इनके दो बहन सरकारी जॉब में हैं और यह खुद आईएएस अधिकारी है. आईएएस रवि सिहाग ने कुल 4 बार यूपीएससी सिविल सेवा परीक्षा दी है. जिसमें से वह 3 बार सफल रहे हैं. सबसे पहले साल 2018 में उनकी 331वीं रैंक आई और उन्हें भारतीय रक्षा लेखा सेवा का कैडर मिला. इसके बाद उन्होंने साल 2019 में यूपीएससी सिविल सेवा की परीक्षा दी उसमे उनको 317वीं रैंक रही जिससे उनको आईआरटीएस का कैडर मिला.
इसके बाद आईएएस रवि सिहाग ने साल 2020 में तीसरी बार सिविल सेवा की परीक्षा दी और उस बार वह मेन्स परीक्षा भी पास नहीं कर सके. फिर भी उन्होंने हिम्मत नहीं हारी और फिर से अपनी कड़ी मेहनत से पढाई कर साल 2021 में चौथी बार यूपीएससी की परीक्षा दी और उसमे उन्होंने पुरे ऑल इंडिया में 18वीं रैंक हासिल कर आईएएस अधिकारी बने.